Home Blog Page 210

सीएम भूपेश बघेल का बड़ा ऐलान, जल्द ही 10,000 स्कूली शिक्षकों की भर्ती की प्रक्रिया शुरू करेगी छत्तीसगढ़ सरकार

129

छत्तीसगढ़ सरकार ने घोषणा की है कि वह राज्य में 10,000 स्कूली शिक्षकों की भर्ती के लिए जल्द प्रक्रिया शुरू करेगी। राज्य में अगले साल विधानसभा चुनाव होने हैं। मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने राज्य विधानसभा में चालू वित्त वर्ष 2022-23 के पहले अनुपूरक बजट के मांग प्रस्तावों पर हुई बहस का जवाब देते हुए यह घोषणा की। उन्होंने कहा, 10,000 नए शिक्षकों की भर्ती की प्रक्रिया जल्द शुरू की जाएगी। 1998 से अब तक राज्य सरकार 14,000 शिक्षकों की भर्ती की है…। बघेल ने कहा कि पशुओं के इलाज के लिए जल्द ही 163 सचल (मोबाइल) पशु चिकित्सा इकाइयां शुरू की जाएंगी, जिसके लिए अनुपूरक बजट में 10 लाख रुपये का प्रावधान किया गया है।

उन्होंने कहा कि अनुपूरक बजट में सार्वजनिक वितरण प्रणाली (पीडीएस) की दुकानों के संचालकों को सार्वभौम पीडीएस योजना के तहत डीलर मार्जिन राशि देने के लिए 266 करोड़ रुपये, कोरबा, कांकेर और महासमुंद में मेडिकल कॉलेजों और बिलासपुर में एक कैंसर संस्थान के निर्माण कार्य और चिकित्सा उपकरणों की खरीद के लिए 250 करोड़ रुपये तथा आदिवासी क्षेत्रों में ‘देवगुडी’ और ‘घोटुल’ की स्थापना के लिए 25.50 करोड़ रुपये का प्रावधान किया गया है।

देवगुडी आदिवासियों के पूजा स्थल हैं, जबकि घोटुल एक परंपरा है जिसके अनुसार युवा लड़के और लड़कियां घोटुल नामक स्थान पर कोई भी त्योहार मनाने आते हैं और वे वहां अपना जीवन साथी चुनने के लिए स्वतंत्र होते हैं। उन्होंने कहा, ”केंद्र द्वारा राज्य को मिलने वाले वित्तीय संसाधनों को कम करने के बावजूद, वित्तीय वर्ष 2021-22 में राज्य की राजस्व प्राप्ति 79,688 करोड़ रुपये थी, जिसमें राज्य से 41,000 करोड़ रुपये की राजस्व प्राप्ति शामिल है, जबकि केंद्र से यह 38,688 करोड़ रुपये प्राप्त हुआ था। उन्होंने कहा कि कोरोना वायरस महामारी की दूसरी लहर के दौरान, राज्य सरकार ने 2021-22 की पहली तिमाही में जन कल्याण कार्यों और पूंजीगत व्यय के लिए आवश्यक संसाधनों की व्यवस्था करने के लिए 4,000 करोड़ रुपये का बाजार ऋण लिया था। मुख्यमंत्री ने कहा कि इस ऋण राशि में से 3000 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। चर्चा के बाद विधानसभा में चालू वित्त वर्ष के लिए 2904.42 करोड़ रुपये का अनुपूरक बजट पारित किया गया। पहले अनुपूरक बजट के पारित होने के साथ, वित्तीय वर्ष 2022-23 के लिए कुल राज्य बजट का आकार बढ़कर 1,15,507 करोड़ रुपये हो गया है।

Chhattisgarh Covid Update: कोरोना को लेकर छत्तीसगढ़ में मामूली राहत, 24 घंटे में 627 नए मामले मिले

0

छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटों के दौरान कोरोना वायरस से 627 और लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही राज्य में शुक्रवार तक कोविड-19 की चपेट में आने वालों की कुल संख्या बढ़कर 11,61,881 हो गई। राज्य में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने शुक्रवार को बताया कि आज 22 लोगों को संक्रमण मुक्त होने के बाद अस्पताल से छुट्टी दी गई, वहीं 422 लोगों ने घर में पृथकवास की अवधि पूरी की। राज्य में शुक्रवार को कोरोना वायरस से संक्रमित एक मरीज की मृत्यु हुई है।

अधिकारियों ने बताया कि आज संक्रमण के 627 नए मामले आए हैं। इनमें रायपुर से 100, दुर्ग से 91, राजनांदगांव से 75, बालोद से 22, बेमेतरा से 43, कबीरधाम से सात, धमतरी से 12, बलौदाबाजार से 21, महासमुंद से 30, गरियाबंद से तीन, बिलासपुर से 41, रायगढ़ से 29, कोरबा से 44, जांजगीर-चांपा से 26, मुंगेली से पांच, गौरेला-पेंड्रा-मरवाही से 11, सरगुजा से 20, कोरिया से पांच, सूरजपुर से 10, बलरामपुर से एक, जशपुर से 11, बस्तर से 10, कोंडागांव से तीन, दंतेवाड़ा से एक, कांकेर से पांच और नारायणपुर से एक मामला शामिल है। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में अब तक 11,61,881 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, जिनमें से 11,44,048 मरीज इलाज के बाद संक्रमण मुक्त हो गए हैं। राज्य में 3778 मरीज उपचाराधीन हैं। राज्य में वायरस से संक्रमित 14,055 लोगों की मौत हुई है।

छत्तीसगढ़ सरकार ने किसानों को साढ़े तीन वर्ष में दिए एक लाख करोड़ रुपये : सीएम भूपेश

0

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने विपक्षी सदस्यों के किसानों से वादाखिलाफी करने के आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि पिछसे साढ़े तीन वर्ष में उनकी सरकार ने किसानों को विभिन्न योजनाओं के जरिए एक लाख करोड़ रुपये बांटे है। सीएम बघेल ने प्रश्नोत्तरकाल में नेता प्रतिपक्ष धरमलाल कौशिक के धान खरीद को लेकर खाद्य मंत्री अमरजीत भगत के उत्तर एवं आरोप प्रत्यारोप के दौरान हस्तक्षेप करते हुए कहा कि उनकी सरकार लगातार किसानों के हित में काम कर रही है। कौशिक ने कहा कि इस एक लाख करोड़ में केन्द्र सरकार की योजनाओं की बड़ी राशि शामिल है। सीएम बघेल ने तुरंत ही इसे खारिज करते हुए कहा कि इसमें केन्द्र सरकार से एक पैसा नही मिला है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि केन्द्र सरकार ने समर्थन मूल्य पर धान खरीद पर बोनस देने पर चावल खरीद बन्द कर देने की बात की थी जिसके कारण राज्य सरकार राजीवगांधी न्याय योजना के तहत किसानों को प्रोत्साहन राशि दे रही है। उन्होंने पूर्ववर्ती भाजपा सरकार पर किसानों को धोखा देने का आरोप लगाया और मोदी सरकार पर भी किसान विरोधी होने का आरोप लगाया जिस पर दोनो तरफ से तेज नोकझोंक होने लगी।इसी बीच प्रश्नकाल समाप्त हो गया।

इससे पूर्व कौशिक ने निर्धारित 15 क्विंटल धान खरीद नही किए जाने का आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि 20 किलोग्राम कम की खरीद हो रही है। भाजपा सदस्य शिवरतन शर्मा ने आंकड़े देते हुए बताया कि किस वित्त वर्ष में 2500 रुपये क्विंटल से कितनी कम राशि किसानों को दी गई है। खाद्य मंत्री ने इस पर कहा कि वह केवल राजनीति कर रहे है। मंत्री भगत ने कहा कि एक अप्रैल 19 से अप्रैल 22 तक समर्थन मूल्य पर उपार्जित धान के लिए किसानों को कुल 51563.47 करोड़ रुपये तथा राजीव गांधी न्याय योजना के तहत 11148.45 करोड़ रुपये दिए गए। उन्होंने यह भी कहा कि धान खऱीद के लिए केन्द्र सरकार कोई अग्रिम राशि नही देती है।

छत्तीसगढ़ में हादसा: तालाब में डूबने से महिला और उसके पोते-पोती की मौत

1

छत्तीसगढ़ के कोरबा जिले में मशरूम तोड़ने गई एक महिला और उसके पोते-पोती की तालाब में डूबने से मौत हो गई। पुलिस अधिकारियों ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि जिले के करतला गांव में तालाब में डूबने से सुरुज बाई कंवर (50), उसकी पोती जाह्नवी कंवर (आठ) औैर पोता अखिल कंवर (पांच) की मौत हो गई। पुलिस अधिकारियों ने बताया कि करतला गांव निवासी बेलाल कंवर के परिवार के लोग बृहस्पतिवार की सुबह खेत में काम करने गए थे। वहीं, बेलाल की पत्नी सुरुज बाई, पोती और पोता घर पर थे।

पुलिस अधिकारियों ने बताया कि सुबह लगभग 10 बजे सुरुज बाई अपने पोता-पोती के साथ जंगल की तरफ मशरूम तोड़ने गई। कुछ देर बाद गांव के एक व्यक्ति ने सुरुज बाई और दो बच्चों के शव को तालाब में बहते देखा। व्यक्ति ने इसकी सूचना बेलाल कंवर और पुलिस को दी। उन्होंने बताया कि सूचना मिलते ही पुलिस टीम घटनास्थल पर पहुंची और शवों को तालाब से बाहर निकाला तथा पोस्टमार्टम के लिए भेजा। तालाब के समीप एक थैले में मशरूम भी मिला। पुलिस को आशंका है कि मशरूम तोड़ने के बाद वापस लौटते समय तीनों हाथ-पैर धोने तालाब में गए होंगे। इस दौरान दोनों बच्चे तालाब में डूबने लगे होंगे और उन्हें बचाने की कोशिश में महिला भी डूब गई होगी। घटना के संबंध में पुलिस ने मामला दर्ज कर लिया है तथा मामले की जांच की जा रही है।

छत्तीसगढ़ में डराने लगा कोरोना, 24 घंटे में नए मरीजों की संख्या 600 के पार

0

छत्तीसगढ़ में पिछले 24 घंटों के दौरान कोरोना वायरस से 633 और लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है। इसके साथ ही राज्य में मंगलवार तक कोविड-19 की चपेट में आने वालों की कुल संख्या 11,60,554 हो गई है। राज्य में स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों ने बुधवार को बताया कि आज 15 लोगों को संक्रमण मुक्त होने के बाद अस्पतालों से छुट्टी दी गई है, वहीं 358 लोगों ने घर में पृथकवास की अवधि पूरी की। राज्य में बुधवार को कोरोना वायरस से संक्रमित किसी भी मरीज की मृत्यु नहीं हुई है।

अधिकारियों ने बताया कि आज संक्रमण के 633 नए मामले आए हैं। इनमें रायपुर से 116, दुर्ग से 93, राजनांदगांव से 58, बालोद से 38, बेमेतरा से 38, कबीरधाम से 10, धमतरी से 12, बलौदाबाजार से 19, महासमुंद से 14, गरियाबंद से पांच, बिलासपुर से 38, रायगढ़ से 26, कोरबा से 45, जांजगीर—चांपा से 39, मुंगेली से छह, गौरेला—पेंड्रा—मरवाही से पांच, सरगुजा से 16, कोरिया से सात, सूरजपुर से आठ, बलरामपुर से पांच, जशपुर से 14, बस्तर से नौ, कोंडागांव से दो, सुकमा से एक, कांकेर से चार, नारायणपुर से दो और बीजापुर से तीन मामले हैं। उन्होंने बताया कि छत्तीसगढ़ में अब तक 11,60,554 लोगों के संक्रमित होने की पुष्टि हुई है, जिनमें से 11,43,204 मरीज इलाज के बाद संक्रमण मुक्त हो गए हैं। राज्य में 3303 मरीज उपचाराधीन हैं। राज्य में वायरस से संक्रमित 14,047 लोगों की मौत हुई है।

सीएम बघेल ने कृषि मंत्री रविंद्र चौबे को सौंपी नई जिम्मेदारी, पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग का दिया अतिरिक्त प्रभार

0

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कृषि मंत्री रविंद्र चौबे को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग का प्रभार देने की घोषणा की। उल्लेखनीय है कि इस महीने की 16 तारीख को मंत्री टीएस सिंहदेव ने पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग से इस्तीफा दे दिया था। हालांकि, सिंहदेव अन्य चार विभाग के मंत्री बने रहेंगे। सिंहदेव ने चौबे को पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग सौंपे जाने पर बधाई दी है। बघेल ने मानसून सत्र के दूसरे दिन विधानसभा में पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग की जिम्मेदारी कृषि मंत्री रविंद्र चौबे को देने की घोषणा की। नयी जिम्मेदारी के साथ ही कांग्रेस के वरिष्ठ नेता रविंद्र चौबे अब संसदीय कार्य, कृषि विकास एवं किसान कल्याण तथा जैव प्रौद्योगिकी, पशुधन विकास, मछली पालन, जल संसाधन और पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री होंगे।

चौबे राज्य के बेमेतरा जिले के साजा विधानसभा क्षेत्र से विधायक हैं। वह पूर्ववर्ती रमन सिंह सरकार (2009 से 2013) के दौरान नेता प्रतिपक्ष भी रह चुके हैं। वरिष्ठ नेता टीएस सिंहदेव ने रविंद्र चौबे को पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग की जिम्मेदारी सौंपे जाने पर बधाई दी। सिंहदेव ने ट्वीट किया, कैबिनेट के अनुभवी सहयोगी श्री रविंद्र चौबे को पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग का दायित्व मिलने पर शुभकामनाएं। इस महीने की 16 तारीख को सिंहदेव ने पंचायत विभाग से इस्तीफा देने के लिए भेजे गए पत्र में लिखा था, ”जन-घोषणा पत्र के विचारधारा के अनुरूप महत्वपूर्ण विषयों को दृष्टिगत रखते हुए, मेरा यह मत है कि विभाग के सभी लक्ष्यों को समर्पण भाव से पूर्ण करने में वर्तमान परिस्थितियों में स्वयं को असमर्थ पा रहा हूं। अतएव पंचायत एवं ग्रामीण विकास विभाग के भार से मैं अपने आप को पृथक कर रहा हूं। सिंहदेव ने कहा था कि वह लोक स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण, चिकित्सा शिक्षा, बीस सूत्रीय कार्यान्वयन, वाणिज्यिक कर (जीएसटी) विभाग के मंत्री बने रहेंगे।

भाजपा शासित राज्यों और उनके नेताओं पर छापे की ईडी अधिकारियों की हिम्मत नहीं : सीएम भूपेश

0

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) के अधिकारियों को ललकारते हुए कहा कि अगर उनमें हम्मित हैं तो वह भाजपा शासित राज्यों और उनके नेताओं के यहां छापा मारकर और कार्यवाही कर दिखाए। सीएम बघेल ने यहां कांग्रेस अध्यक्ष सोनिया गांधी के पूछताछ के लिए तलब किए जाने के विरोध में प्रदेश कांग्रेस द्वारा आहूत सभा को सम्बोधित करते हुए कहा कि बीमार होने के बावजूद सोनिया जी को पूछताछ के लिए तलब किया गया।वह उन राजीव गांधी की विधवा हैं जिन्होंने प्रधानमंत्री रहते स्वं अटलबिहारी वाजपेयी को इलाज कराने के लिए प्रतिनिधिमंडल का नेता बनाकर अमरीका भेजा था। एक संस्कार वह था, एक संस्कार यह हैं।

उन्होंने कहा कि महाराष्ट्र में अब भाजपा की सरकार बन गई वहां अब ईडी का कार्यालय निष्क्रिय हो गया, अब उसके निशाने पर कांग्रेस और गैर भाजपा शासित वह राज्य जिन्हें अस्थिर करने का निर्देश मिलेगा, वहां पूरी सक्रियता से जुट जाएंगे। उन्होने कहा कि ईडी और अन्य एजेन्सियों के अधिकारियों से वह पूछना चाहते है कि जमीर नाम की चीज उनके पास है कि नही। क्या उनका दायित्व सरकार गिराना और सरकार बनाना, विपक्षी नेताओं को परेशान करना रह गया है। क्या उन्होने इसी बात की शपथ ली हैं।

उन्होंने ललकारते हुए कहा कि ईडी अधिकारियों में अगर दम है तो पनामा पेपर मामले में पूर्व मुख्यमंत्री के बेटे का नाम आया है और नान घोटाले में पूर्व मुख्यमंत्री एवं उनकी पत्नी का नाम है और बहुत बड़ी रकम की मनी लाड्रिंग हुई है, छापा मारकर और पूछताछ करके दिखाए। उन्होंने कहा कि महज 90 करोड़ रुपये जोकि कांग्रेस ने बकायदे चेक से नेशनल हेराल्ड को दिया, उसमें उन सोनिया गांधी से पूछताछ हो रही है जिन्होंने दो दो बार प्रधानमंत्री पद को ठुकराया तो फिर भाजपा नेताओं से क्यों नही।

सीएम बघेल ने कहा कि डा.रमन सिंह के 15 वर्ष के कार्यकाल में चिटफंड कम्पनियों ने छत्तीसगढ़ के गरीबों को लालच देकर उनका छह हजार करोड़ रूपया लूट लिया, पूरी कोशिश कर वह भी तक 40 करोड़ रुपया जमाकर्ताओं को वापस करा सके है। इतनी बड़ी खुली लूट करने वाले लोगो और कम्पनियों पर ईडी और अन्य एजेन्सियां क्यों चुप रहती है। उऩ्होने कहा कि हमारे नेताओं को परेशान करने उन्हे डराने की कोई कोशिश कामयाब नही होने वाली है। हम सभी कांग्रेस के लाखो लाख कार्यकर्ता इस तरह की कोशिशों से डरने वाले नही है।

भूपेश बघेल सरकार के खिलाफ भाजपा ने पेश किया अविश्वास प्रस्ताव

0

छत्तीसगढ़ की मुख्य विपक्षी पार्टी, भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) ने बृहस्पतिवार को विधानसभा में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल के नेतृत्व वाली कांग्रेस सरकार के खिलाफ अविश्वास प्रस्ताव पेश किया। विधानसभा के मानसून सत्र के दूसरे दिन भाजपा ने मंत्रिपरिषद पर अविश्वास जताते हुए प्रस्ताव पेश किया। विधानसभा अध्यक्ष चरणदास महंत ने भाजपा द्वारा पेश प्रस्ताव पर चर्चा के लिए 27 जुलाई की तारीख तय की है। उल्लेखनीय है कि 90 सदस्यीय छत्तीसगढ़ विधानसभा में, कांग्रेस के 71 तथा भाजपा के 14 विधायक हैं। वहीं जनता कांग्रेस छत्तीसगढ (जे) के तीन और बसपा के दो सदस्य हैं।

भाजपा ने बुधवार को विधानसभा सचिवालय को अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस सौंपा था। विधानसभा में विपक्ष के नेता धरमलाल कौशिक ने बुधवार को कहा था कि भाजपा ने कांग्रेस सरकार पर कानून-व्यवस्था की स्थिति और किसान के हित समेत सभी मोर्चों पर विफल होने का आरोप लगाते हुए अविश्वास प्रस्ताव का नोटिस दिया है। कौशिक ने यह भी कहा था राज्य में संवैधानिक संकट है। राज्य के एक मंत्री (पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग छोड़ने वाले टीएस सिंह देव का जिक्र करते हुए) ने सरकार में योजनाओं के कार्यान्वयन में हस्तक्षेप का हवाला देकर अपनी ही सरकार पर अविश्वास जताया है।

छतीसगढ़ सरकार ने भारत नेट परियोजना की ठेका एजेंसी को भेजा कारण बताओ नोटिस

1

छत्तीसगढ़ सरकार ने विधानसभा में बताया कि जिस एजेंसी को ‘भारत नेट परियोजना’ के दूसरे चरण के तहत कार्यों का ठेका दिया गया था, उसकी समय-सीमा छह बार बढ़ाई गई और काम पूरा नहीं करने पर कारण बताओ नोटिस भी जारी किया गया है। विधानसभा में आज भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) के वरिष्ठ विधायक अजय चंद्राकर के सवाल के लिखित जवाब में मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने बताया कि परियोजना के दूसरे चरण के तहत 5,987 ग्राम पंचायतों में एक साल के भीतर ब्रॉडबैंड कनेक्शन लगाने थे और काम का ठेका 18 जुलाई 2018 को टाटा प्रोजेक्ट लिमिटेड को दिया गया था।

उन्होंने बताया कि इस वर्ष 31 मई तक 5,036 ग्राम पंचायतों में काम पूरा हो चुका है, जबकि 951 ग्राम पंचायतों में कार्य अधूरा है, जिसे पूरा करने के लिए एक वर्ष की समय सीमा निर्धारित की गई है। बघेल ने बताया है कि जिस एजेंसी को कार्य आवंटित किया गया था, उसकी समय सीमा में छह बार वृद्धि की गई है। उन्होंने बताया कि समय पर कार्य पूरा नहीं करने पर कारण बताओ सूचना पत्र जारी किया गया है और वर्तमान में कार्रवाई प्रक्रियाधीन है। मुख्यमंत्री ने अपने जवाब में बताया है कि इस वर्ष 31 मई तक परियोजना में केंद्र सरकार की हिस्सेदारी 2464.14 करोड़ रुपए तथा राज्य की हिस्सेदारी 112.82 करोड़ रुपए थी।

राज्य सरकार के एक अधिकारी बताया कि भारत नेट परियोजना के तहत राज्य भर में ग्राम पंचायतों को ऑप्टिकल फाइबर नेटवर्क के माध्यम से तेज गति इंटरनेट से जोड़ा जाएगा। अधिकारी ने बताया कि इसके पहले चरण में लगभग चार हजार पंचायतों को शामिल किया गया था। उन्होंने बताया कि परियोजना के दूसरे चरण के तहत ऑप्टिकल फाइबर ज्यादातर उन ग्राम पंचायतों में नहीं लगाया जा सका है, जो संरक्षित वन क्षेत्रों में स्थित हैं तथा व​न विभाग से इसकी मंजूरी लंबित है। अधिकारी ने बताया कि राज्य के वन विभाग ने पर्यावरण और वन मंत्रालय को पत्र लिखकर इस संबंध में मार्गदर्शन मांगा है।

छत्तीसगढ़ में 28 जुलाई को हरेली से होगी गौ-मूत्र खरीद की शुरुआत : सीएम भूपेश

935

छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने कहा है कि 28 जुलाई को हरेली तिहार से गोधन न्याय योजना का विस्तार करते हुए गोबर के साथ-साथ गौ-मूत्र की खरीदी की शुरूआत की जाएगी। सीएम बघेल ने विधानसभा परिसर स्थित अपने कार्यालय कक्ष में ‘गोधन न्याय योजना’ की दूसरी सालगिरह पर गोधन न्याय योजना के हितग्राहियों के खाते में 48वीं कश्ति की राशि के रूप में 7 करोड़ 48 लाख रुपये की राशि का ऑनलाइन भुगतान करने के बाद कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए कहा कि गौ-मूत्र की खरीदी के लिए 4 रुपये प्रति लीटर की दर प्रस्तावित की गई है। खरीदे गए गौ-मूत्र का उपयोग जीवामृत कीटनाशकों और खाद के निर्माण के लिए किया जाएगा। इससे राज्य में जैविक खेती को और मजबूती मिलेगी तथा पशुपालकों की आय में भी बढ़ोतरी होगी।

उन्होंने कहा कि महिला स्व-सहायता समूहों तथा सहकारी समितियों को वर्मी कम्पोस्ट विक्रय पर बोनस दिया जाएगा। इस संबंध में आदेश जारी कर दिया गया है। महिला समूहों को प्रति किलो वर्मी कम्पोस्ट के वक्रिय पर 01 रुपए तथा सहकारी समितियों को 10 पैसे का बोनस मिलेगा। उन्होंने कहा कि गत 07 जुलाई तक बिक चुके कम्पोस्ट के लिए महिला समूहों को बोनस के रूप में 17 करोड़ 64 लाख रुपये तथा सहकारी समितियों को 01 करोड़ 76 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि दी जाएगी।

सीएम बघेल द्वारा गोधन न्याय योजना के हितग्राहियों के खाते में अंतरित की गई राशि में एक जुलाई से 15 जुलाई तक राज्य के गौठानों में पशुपालकों, ग्रामीणों, किसानों, भूमिहीनों से क्रय किए गए गोबर के एवज में 2.69 करोड़ रूपए भुगतान, गौठान समितियों को 2.88 करोड़ और महिला समूहों को 1.91 करोड़ रुपये की लाभांश राशि का भुगतान शामिल है। गोबर खरीदी के एवज में आज किए गए भुगतान की राशि को मिलाकर अब तक 153.44 करोड़ रुपये का भुगतान किया जा चुका है। इसी तरह योजना के तहत अब तक गौठान समितियों एवं महिला स्व-सहायता समूहों को 147.99 करोड़ रूपए का भुगतान किया जा चुका है। इस अवसर पर कृषि मंत्री रव्द्रिर चौबे, वन मंत्री मोहम्मद अकबर, उद्योग मंत्री कवासी लखमा, संस्कृति मंत्री अमरजीत भगत, नगरीय विकास मंत्री डॉ.शिव कुमार डहरिया, मुख्यमंत्री के सलाहकार द्वय विनोद वर्मा और रूचिर गर्ग, मुख्य सचिव अमिताभ जैन भी उपस्थित थे।